सर्दी के आयुर्वेदिक उपचार। सर्दी-जुकाम व बुखार में कारगर हैं ये आयुर्वेदिक काढ़े।

क्या आप सर्दी जुकाम का आयुर्वेदिक उपचार या इलाज के साथ सर्दी जुकाम की आयुर्वेदिक दवा के बारे में जानना चाहते हैं 

सर्दी के आयुर्वेदिक उपचार – आइए दोस्तों आज हम आपको बताते हैं। सर्दी के आयुर्वेदिक उपचार सर्दी में, आपको सर्दी से बचाव के लिए कौन-कौन से आयुर्वेदिक उपचार करनी चाहिए। इन आयुर्वेदिक उपचार को करने से आप किन किन बीमारियों से बच सकते हैं।

ठंड के मौसम में ऐसे भी लोग सर्दी खांसी से बहुत ही ज्यादा परेशान रहते हैं। आज हम आपको ऐसे कुछ घरेलू उपचार बताएंगे। जिसके कारण आपकी सर्दी दूर हो जाएगी। सर्दी खांसी और जुकाम का होना एक आम बात है। लेकिन ठंड के मौसम में हल्की सी भी लापरवाही हमें इसकी चपेट में ले जाती है।

और बार-बार दवाई खाने के बावजूद भी, अगर आपके सर्दी जुकाम और कफ दूर नहीं हो रहा है, या फिर आप इसकी चपेट में बहुत जल्दी आ जाते हैं। तो यह उपाय आप जरूर करें। क्योंकि यह उपाय आपके पुराने से पुराने सर्दी जुकाम को दूर कर देता है।

Home Remedies for Common Cold – सर्दी जुकाम का आयुर्वेदिक उपचार या इलाज के साथ सर्दी जुकाम की आयुर्वेदिक दवा 

1 सबसे पहला उपाय है। इस उपाय को करके आपको सर्दी जुकाम में बहुत ही ज्यादा राहत मिलेगी, और इससे आपको दोबारा सर्दी लगने का खतरा भी कम हो जाएगा। इसके लिए हमें सबसे पहले एक लगरी लेनी होगी। इसमें सबसे पहले हमें अदरक लेना है।

क्योंकि अदरक हमें सर्दी खासी से बचाता है, और यह हमारी पाचन क्रिया के लिए बहुत ही ज्यादा फायदेमंद होता है। सर्दियों में अदरक का सेवन करने से हमारी बॉडी को बहुत ही ज्यादा गर्माहट मिलती है। इसके बाद हमें इसमें दालचीनी डालनी है।

इसके बाद इसमें काली इलायची डालनी है। इसके बाद इसमें 4 से 5 लौंग डालने हैं। क्योंकि लौंग सर्दियों में बेक्टीरिया मारने का काम करता है। इसके बाद हमें 10 से 15 काली मिर्च डालनी है। क्योंकि यह सर्दियों के मौसम में हमारी शरीर को गर्म रखता है, और यह हमारी पाचन क्रिया को भी सही रखता है।

इसके बाद उसमें दो या तीन हरी इलायची डालनी है। इसके बाद इन सभी चीजों को लगरी में कूट लेंगे। इसे कुटने के बाद हम काढ़ा बनाना शुरू करते हैं। इसके लिए हमें एक पतीला लेकर उसमें दो गिलास पानी डाल देना है। जब पानी गुनगुना हो जाए, तब उसमें एक चम्मच अजवाइन डाल दे‌।

अजवाइन हमारे डाइजेशन को सही रखता है, और यह हमारी कोलेस्ट्रोल को कम करता है। इसके बाद इसमें चार से पांच टुकड़े गुड़ के डाल दे। इसमें चीनी का इस्तेमाल बिल्कुल नहीं करना है। अगर आपके पास गुड नहीं है। तो आप इसमें मिश्री या शहद भी मिला सकते हैं।

इसके बाद में इसमें वह मसाला डालते हैं। जो हमने तैयार किया था। इसके बाद इसमें 8 से 10 तुलसी के पत्ते डाल दे। क्योंकि यह हमें सर्दियों में बचाता है। इसके बाद इसे 5 मिनट तक अच्छी तरह उबलने दें। इसके बाद जब यह काढ़ा आधा रह जाए। तो इसे एक कप में छान ले। कप में छानने से पहले कप में थोड़ा काला नमक डाल ले।

क्योंकि काला नमक हमारी सेहत के लिए बहुत ही ज्यादा फायदेमंद होता है। इसके बाद इस काढ़े को कप में छान लें। इस काढ़े को पीने से आपको बहुत सारे फायदे मिलेंगे। सर्दियों के मौसम में आप इस काढ़े को बनाकर पिये। आप सर्दी खांसी गले की खराश से दूर रहते हैं।

तो आप यकीन मानिए, अगर आप यह काढ़ा एक बार बना कर पिएंगे। तो आप चाय पीना भूल जाएंगे। इस काढ़े को आपको गरमा गरम चाय की तरह पीना है। यह एक आयुर्वेदिक काढ़ा है।

इसीलिए आप पर इसका कोई भी गलत प्रभाव नहीं पड़ेगा। इसीलिए अगर आपको सर्दी जुकाम से बचना है। तो आप इस उपाय को जरूर करें, इस गाने को आपको गरमा गरम चाय की तरह पीना है‌।

2 ‌ दूसरा उपाय है। यह उपाय बहुत ही सरल और आसान उपाय है। इस उपाय को करके आप सर्दी जुकाम गले में खराश इन सभी चीजों से छुटकारा पा सकते हैं। इसमें सबसे पहले हमें एक पतीला गैस पर रखना है।

फिर इसके बाद इसमें एक छोटा क्लास पानी डालना है। इसके बाद कुछ देर के लिए पानी को उबलने दें। इसके बाद जब पानी अच्छे से उबल जाए। तो इसके बाद हम इसमें आधा चम्मच हल्दी डालेंगे। हल्दी सर्दी जुकाम में तो फायदेमंद है, ही इसके अलावा यह हमारे शरीर के अंगों को मजबूत बनाता है।

इसके बाद इसमें एक चुटकी नमक डाल दे। इससे इसका स्वाद अलग से आएगा। इसके बाद इसमें आधा छोटा चम्मच घी डाल दे। घी डालने से हमारे गले में कफ की वजह से जो भी दर्द होता है। वह दूर हो जाएगा, इसके बाद हमारा काढा बनकर तैयार हो गया है।

इसके बाद आप एक कप लेकर कब्ज में काढ़े को छान लें काढे के बनने के बाद, इसमें आपको एक चीज और मिला नहीं है। इसके बाद इसमें आधा कटा हुआ नींबू का रस डाल दे।

अब आप इसका काढ़े को चाय की तरह पी सकते हैं, और इस गाने को तभी पीना है। जब यह थोड़ा गुनगुना रह जाए। अगर आप इस उपाय को करते हैं। तो इससे आपको जल्दी खांसी कफ सर्दी से छुटकारा मिल जाता है।

3 तीसरा उपाय है। इस उपाय को करने के लिए आपको दो कप पानी लेना है। इसके बाद इसमें एक चम्मच जीरा लेना है। क्योंकि जीरा सर्दी और जुकाम के लिए बहुत ही ज्यादा फायदेमंद होता है, और साथ ही जीरा आपकी सर दर्द व बंद नाक को खोलने के लिए बहुत फायदेमंद है।

इसके लिए हमें जीरे का पानी तैयार करना है। इसके बाद इसे उबालने के लिए रख देना है। इसको आपको तब तक उबालना है। जब तक दो कप पानी डेढ कप ना हो जाए। कुछ देर उबलने के बाद आप जीरे और पानी को अलग अलग कर लीजिए। इसके बाद आपको इस पानी को फिर से उबालने के लिए रखना है।

इसके बाद इसमें तुलसी के पत्तों को पानी में डालना है। इसके बाद एक चम्मच कद्दूकस की गई अदरक डाल दे। इसके बाद इसे अच्छे से उबाल लें। इसे तब तक उबालें, जब तक डेढ़ गिलास पानी एक गिलास ना रह जाए। काढे को थोड़ा मीठा करने के लिए इसमें शहद का इस्तेमाल कर सकते हैं।

यह काढ़ा हमारे गले की खराश को दूर करने के लिए बहुत ही ज्यादा फायदेमंद है। इसके बाद आप अपने स्वाद के अनुसार एक से दो शब्द का प्रयोग करें। जब यह काढ़ा गर्म हो तभी शहद को मिलाएं। ताकि यह अच्छे से घुल जाए। इस काढे का इस्तेमाल आप दिन में कभी भी कर सकते हैं।

लेकिन अगर आप इस कांटे का इस्तेमाल सुबह करते हैं। तो यह आपके लिए और भी ज्यादा फायदेमंद होता है। लेकिन इस बात का ध्यान रखें, कि काढ़ा पीने से 1 घंटे पहले या 1 घंटे बाद में कुछ भी नहीं खाना है। यह आप दिन में एक गिलास ले सकते हैं। इस उपाय को करने से आपको सर्दी जुकाम से बहुत ही जल्द छुटकारा मिल जाएगा।